जशपुर पुलिस ने सार्वजनिक वितरण प्रणाली (PDS) के तहत सरकारी बारदानों के गबन के एक बड़े मामले में कार्रवाई की है। इस मामले में मुख्य आरोपी और बारदानों के खरीददार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। गबन की गई सरकारी माल की कुल कीमत 8 लाख 39 हजार 500 रुपये बताई जा रही है।यह मामला कांसाबेल थाना क्षेत्र का है।
जिला विपणन अधिकारी ने इसकी शिकायत दर्ज कराई थी, कि साल 2022-23 में शासकीय उचित मूल्य दुकानों से पीडीएस बारदानों के संकलन और परिवहन की जिम्मेदारी आरोपी रिजवान अली को अनुबंध के आधार पर दी गई थी।
उचित मूल्य दुकानों से गोदाम नहीं पहुंच रहे थे बारदाने
आरोप है कि रिजवान अली ने कांसाबेल विकासखंड के उचित मूल्य दुकानों से बारदानों को इकठ्ठा तो किया, लेकिन उन्हें विपणन संघ कुनकुरी के गोदाम में जमा नहीं किया। इसके बजाय, गबन कर लिया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए कलेक्टर ने जशपुर में एक जांच समिति का गठन किया। समिति की जांच में यह खुलासा हुआ कि आरोपी रिजवान अली ने कुल 33,580 नग बारदानों का गबन किया है। इन बारदानों की कीमत कुल 8 लाख 39 हजार 500 रुपये है।
शिकायत पर पुलिस ने भारतीय दंड संहिता की धारा 408 (आपराधिक विश्वासघात), 420 (धोखाधड़ी) और 411 के तहत अपराध दर्ज किया था। शिकायत 8 सितंबर 2025 को अजय कुमार ठाकुर (47), जिला विपणन अधिकारी, छत्तीसगढ़ राज्य सहकारी विपणन संघ मर्यादित, जशपुर ने दर्ज कराई गई थी।
पुलिस की कार्रवाई और गिरफ्तारी
जशपुर जिले के पुलिस कप्तान, डीआईजी और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह के निर्देश पर विशेष टीम गठित की गई। टीम को सूरजपुर और अंबिकापुर रवाना किया गया, जहां से उन्हें गिरफ्तार किया गया।
मुख्य आरोपी रिजवान अली (37), निवासी ग्राम देवल्ला पारा, मानपुर, सूरजपुर से खरीददार सुधीर साहू (42), निवासी मठपारा, अंबिकापुर से अरेस्ट किया गया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से घटना में उपयोग किया गया पिकअप वाहन क्रमांक MP 65-GA-0244 और करीब 4000 नग बारदाने जब्त किए हैं।
पूछताछ में दोनों आरोपियों ने अपराध स्वीकार कर लिया, जिसके बाद उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।