छत्तीसगढ़ में कथित धर्मांतरण, विदेशी फंडिंग और चर्च-प्लांटिंग नेटवर्क को लेकर जांच तेज हो गई

Chhattisgarh Crimesछत्तीसगढ़ में कथित धर्मांतरण, विदेशी फंडिंग और चर्च-प्लांटिंग नेटवर्क को लेकर जांच तेज हो गई है। कुछ दिन पहले प्रवर्तन निदेशालय (ED) की जांच में विदेशी डेबिट कार्ड्स के जरिए करोड़ों रुपए भारत लाने का खुलासा हुआ था। इसके बाद अंतरराष्ट्रीय मिशनरी संगठन द टिमोथी इनिशिएटिव (TTI) का नाम चर्चा में है।

द टिमोथी इनिशिएटिव (TTI) एक अंतरराष्ट्रीय ईसाई मिशनरी संगठन है, जो दुनिया के हर गांव में चर्च स्थापित करने के उद्देश्य से काम करने का दावा करता है। पुलिस, ईडी और अन्य एजेंसियां राज्य में एक्टिव लोकल पास्टर नेटवर्क, ट्रेनिंग मॉड्यूल और फंडिंग ट्रेल की जांच कर रही हैं।

बस्तर, धमतरी से राजनांदगांव तक अवैध धर्मांतरण से जुड़े मामलों से कनेक्शन की जांच की जा रही है। एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि क्या यहां इस्तेमाल किया गया मॉडल TTI के नेटवर्क जैसा है। वहीं भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष प्रबल प्रताप सिंह जूदेव ने कहा कि यह मामला केवल आर्थिक अनियमितता तक सीमित नहीं है, ये राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा मामला है।

भाजपा सांसद संतोष पांडेय ने कहा कि कांग्रेस इसलिए ED जांच से बचती थी। ग्रामीण इलाकों में आदिवासियों के बीच गतिविधियां फॉरेन फंडिंग से चलती थी। वहीं कांग्रेस ने कहा कि ये ट्रांजैक्शन भाजपा सरकार के समय हुए हैं।