छत्तीसगढ़ के जगदलपुर स्थित बाफना हाउस में 21 साल की युवती की मौत का मामला उलझता जा रहा है। पुलिस के मुताबिक, पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में हैंगिंग (फांसी) से मौत होने की पुष्टि हुई है। शरीर पर किसी अन्य तरह की चोट के निशान नहीं मिले हैं। पोस्टमॉर्टम के दौरान युवती की जेब से एक सुसाइड नोट भी मिला है। पुलिस के मुताबिक, इसमें युवती ने अपनी मर्जी से सुसाइड करने की बात लिखी है।
हालांकि, परिजन इस बात को गलत बता रहे हैं। पुलिस ने नोट जब्त कर लिया है और उसकी लिखावट व उसमें लिखी बातों की जांच कराई जा रही है।
वहीं, परिजनों ने युवती के साथ रेप कर हत्या करने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि बेटी के शरीर पर नोचने के निशान थे और प्राइवेट पार्ट में रुई मिली थी। परिजनों ने आरोप लगाया कि सामने वाला पक्ष प्रभावशाली है, इसलिए मामले को दबाने की कोशिश की जा रही है। CSP के नेतृत्व में 5 सदस्यीय जांच टीम गठित
मामले की जांच के लिए CSP अंशिका जैन (IPS) के नेतृत्व में पांच सदस्यीय टीम बनाई गई है। इसमें कोतवाली थाना प्रभारी लीलाधर राठौर, साइबर प्रभारी सागर पाठक, SI रानी सोनी, ASI सतीश यादव और महिला प्रधान आरक्षक उमा भगत शामिल हैं।
पुलिस के मुताबिक, 2 नवंबर को बाफना लाइफस्टाइल कपड़ा दुकान (बाफना हाउस) की छत पर युवती का शव मिला था। इसके बाद मर्ग क्रमांक 70/26, धारा 194 BNSS के तहत जांच शुरू की गई।
CCTV में अकेले छत की ओर जाती दिखी युवती
पुलिस के मुताबिक, दुकान और कार्यस्थल पर लगे CCTV कैमरों के फुटेज की जांच की गई है। इनमें युवती अकेले छत की ओर जाती दिखाई दे रही है।
पुलिस ने ये फुटेज परिजनों और उनके साथ मौजूद लोगों को भी दिखाए हैं। पुलिस का कहना है कि फुटेज में फिलहाल कोई संदिग्ध गतिविधि नजर नहीं आई है।
जेब से मिला सुसाइड नोट, लिखावट की होगी जांच
पुलिस के मुताबिक, पोस्टमॉर्टम के दौरान युवती की जेब से एक सुसाइड नोट मिला था। इसे जब्त कर लिया गया है। अब पुलिस नोट की लिखावट और उसमें लिखी बातों की जांच करा रही है।
यह पता लगाया जाएगा कि नोट किसने लिखा है और उसमें दर्ज बातों का घटना से क्या संबंध है।
मोबाइल, कॉल डिटेल और कर्मचारियों के बयान भी जांच के दायरे में
पुलिस ने युवती का मोबाइल फोन परिजनों से लेकर जब्त कर लिया है। अब मोबाइल का फॉरेंसिक परीक्षण कराया जाएगा। इसके अलावा मोबाइल नंबर की CDR निकलवाकर कॉल डिटेल और संपर्कों की जांच की जा रही है।
घटना वाली बिल्डिंग में काम करने वाले कर्मचारियों और बाकी गवाहों के बयान भी दर्ज किए जा रहे हैं। पुलिस का कहना है कि घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।