14 चक्का ट्रक व 64 लाख रूपये की एल्युमुलियम सिल्ली चोरी करने वाला आरोपी अपने साथियों के साथ पुणे (महाराष्ट्र) में गिरफ्तार

  • जालसाज ट्रक ड्रायवर ने फर्जी ड्रॉविंग लाइसेंस व दस्तावेज के सहारे ली कंपनी में नौकरी।
  • पुलिस को चकमा देने GPS व Fasttag को निकालकर व ट्रक क्रं0 KA 16 C 6936 का नम्बर बदल कर क्रमांक MH 21 BH 1434 लगाकर पहुचा महाराष्ट्र।

Chhattisgarh Crimes

महासमुंद। ट्रक समेत 64 लाख के एल्यूमिनियम को ले उड़े शातिर ट्रक ड्राइवर के गिरेबां तक अंतः पुलिस के हांथ पहुंच ही गया। पुलिस ने आरोपी और उसके साथियों को धरदबोचा हैं। यहाँ पर हम आपको बतादे कि 10 दिसंबर 2021 को प्रार्थी सुरेन्द्र अग्रवाल निवासी रायपुर ने थाना बसना में रिपोर्ट दर्ज कराई कि वह उडिसा व बंगाल ट्रान्सर्पोट कंपनी का संचालक है।

तथा 20 नवंबर 2021 को उसकी कंपनी का एक ट्रक क्रं. KA 16 C 6936 में झारसुगुडा वेदांता कंपनी से एल्युमिनियम लोड कर बैंगलोर के लिए रवाना हुआ, और 21.नवंबर को लगभग 12ः00 बजे उक्त ट्रक में लगे जी.पी.एस. का लोकेशन महालक्ष्मी राईसमिल बसना के पास आखिरी बार बताया तब उसके बाद से जी.पी.एस. बंद बता रहा था। उक्त ट्रक में एल्युमिनियम की सिल्ली 1320 नग वजन 30.129 टन कीमत 64,28,909/- रूपये था। ट्रक का किसी भी प्रकार से पता नही चल रहा था। जब ट्रक में लोड किये माल एवं ट्रक निर्धारित स्थान बैगलोर नही पहुचा तो ,ट्रान्सर्पोटर को यकिन हो गया कि उसका ट्रक माल सहित चोरी हो गया है। जिस पर उक्त ट्रांसपोर्टर के द्वारा रिपोर्ट करने पर थाना बसना में धारा 407, 419, 467, 468, 379 भादवि का अपराध कायम कर मामले को विवेचना में लिया गया है।

पुलिस अधीक्षक महासमुन्द ने उक्त मामले को गंभीरता से लेते हुये। अनुविभागीय अधिकारी (पु) सरायपाली विकास पाटले के नेतृत्व में सायबर सेल महासमुन्द एवं थाना बसना की एक संयुक्त टीम बनाया। उक्त टीम ने ट्रांसपोर्ट कंपनी को दिए गए ड्राईविंग लाइसेंस की जाॅच की तो पता चला उक्त ड्राईवर ने जालसाजी कर फर्जी ड्राईविंग लाइसेंस बनाया है ड्राईविंग लाइसेंस के पते पर जब पुलिस की टीम पहुची तो वहा उस नाम का कोई भी व्यक्ति नही था। सायबर सेल की टीम उक्त ट्रक और नम्बर को ट्रेस करने के लिये सैकडों जगह लगे सीसीटीवी फुटेज को खंगाला तो पता चला कि उक्त ट्रक पुणे, महाराष्ट्रा की ओर गई है।

चूकिं ड्राईवर का मोबाईल नम्बर बंद था एवं उसके द्वारा दिये गया पता भी फर्जी था, और पूणे जैसे बडे शहर में उक्त ट्रक को सीसीटीवी फुटेज की सहायता से खोजना भी कठीन कार्य था। टीम ने आरोपी ड्राईवर के दिये गये फोटो से ड्राईविंग लाइसेंस में दिये गये पते के आस-पास तलाश करना प्रारम्भ किया तो पता चला कि नांदेड जिला के मुखेर गाॅंव में रहने वाला परमेश्वर काम्बले की शक्ल उस फोटो से हु-बहु मिलती है और वह ट्रक ड्राईविंग का काम करता है और उक्त हुलिये वाले व्यक्ति का पीछा करने लगे टीम पीछा करते-करते पुणे में बैंगलोर नेशनल हाईवे के पास एक पेट्रोल पम्प के पास पहुची। तभी वहाॅ उस हुलिए से मिलता जुलता व्यक्ति एक ट्रक के पास पहुचा और उसे ले जाने का प्रयास किया। तभी सायबर सेल एवं बसना की संयुक्त टीम द्वारा उस व्यक्ति को पकडकर कड़ाई से पुछताछ किया गया।

पूछताछ करने पर वह अपना नाम परमेश्वर उर्फ परसराम सोनकांबले पिता संपत सोनकांबले उम्र 24 वर्ष निवासी मुखेड़ थाना मुखेड जिला नांदेड, महाराष्ट का रहने वाला बताया और उसने बताया कि उसने कंपनी में फर्जी लाइसेंस व दस्तावेज देकर नौकरी की और छः माह काम करने के बाद व विश्वास हासिल करने बाद गाडी में 64,00,000/- रूपए कीमति एल्युमिनियम ट्रक सहित लेकर फरार हो गया, उसने इसमें एक आपचारी बालक एवं एक दोस्त को मिला लिया था। जब वह लगभग 64 लाख के एल्यूमुनियम को लेकर निकला था तब उसने एक अपचारी बालक व अपने दोस्त अमोल पिता बारूद गेंडरे उम्र 24 वर्ष साकिन पीपल खुटे थाना वडगांव जिला पुणे, महाराष्ट्र को बताया । बसना महासमुन्द छत्तीसगढ़ पहुचने पर उसने ट्रक में लगे जीपीएस सिस्टम को निकाल दिया और अपने दोस्त से संपर्क किया और उन्हे बताया कि लगभग सत्तर लाख का माल लेकर आ रहा हूॅं ।

ड्रायवर परमेश्वर सोनकांबले ने ट्रक में लगे केरल पासिंग के नम्बर को बदल कर महाराष्ट्र पासिंग क्रमांक MH 21 BH 1434 नम्बर लगाकर ट्रक में लगे फास्र्ट ट्रेक के स्टीकर को भी निकाल दिया और रास्ते में पडने वाले टोल प्लाजा में नगद भुगतान कर ट्रक को पुणे से 40 कि.मी. दूर पीपलखुटे गाॅंव में अपने दोस्त के खेत में बने टीन के सेड में रख दिया था वह अभी बैगलोर हाईवे के पेट्रोल पम्प में रखे ट्रक को ठिकाने लगाने आया था।

शुरु से बड़ी वारदात करनाचाहता था ड्राइवर आरोपी ड्रायवर

प्रारंभ से ही किसी बडे वारदात को अंजाम देने के लिए सोच लिया था। इसके लिए अपने भाई एवं एक दोस्त को इसमें शामिल कर लिया था । इसलिए फर्जी ड्रायविंग लाइसेंस के सहारे नौकरी ली और मौका देख एल्युमिनियम सिल्ली और ट्रक को चोरी कर महाराष्ट्र के अपने दोस्त के पास जंगल में रखा दिया। जिसे मामला शांत होने पर बेचने की तैयारी थी। प्रारंभ में ट्रक को कबाड में बेचने की फिराख में था तभी पुलिस की टीम ने घेराबंदी कर आरोपी को पकड़ लिया। घटना में आरोपी ड्राईवर परमेश्वर उर्फ परसराम सोनकांबले पिता संपत सोनकांबले उम्र 24 वर्ष निवासी मुखेड़ थाना मुखेड जिला नांदेड, महाराष्ट्र को गिरफ्तार कर लिया है तथा इस घटना में सहयोगी एक नाबालिक सहित ड्राईवर के मित्र अमोल गेंडरे पिता बारूद गेंडरे उम्र 24 वर्ष साकिन पीपल खुटे थाना वडगांव जिला पुणे, महाराष्ट्र को भी गिरफ्तार कर चुराये गये लगभग एल्युमिनीयम की सिल्ली 1320 नग वजन 30.129 टन कीमति 64,28,909/- रूपये एवं 14 चक्का ट्रक वाहन बरामद कर पुणे के न्यायालय में उक्त आरोपियों को पेश कर ट्राजिट रिमाण्ड लेकर महासमुन्द न्यायालय में पेश किया जायेगा।

इस सम्पूर्ण कार्यवाही पुलिस अधीक्षक महासमुन्द दिव्यांग पटेल के मार्गदर्शन में अति.पुलिस अधीक्षक श्रीमती मेघा टेम्भुरकर साहू एवं अनु.अधिकारी(पु) सरायपाली विकास पाटले के निर्देशन में थाना प्रभारी बसना निरीक्षक लेखराम ठाकुर, सायबर सेल महासमुन्द प्रभारी उप निरीक्षक संजय सिंह राजपूत, सउनि. विकास शर्मा, विजय मिश्रा प्रआर, श्रवण कुमार दास, मिनेश ध्रुव, आर. विरेन्द्र नेताम, त्रीनाथ प्रधान, मुकेश बेहरा, रवि यादव, अजय जांगडे, शुभम पाण्डेय, के द्वारा किया गया।