जगदलपुर शहर के एक सरकारी स्कूल में नाबालिग छात्रा के साथ शिक्षक ने दुर्व्यवहार किया है। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने जांच शुरू की। शिकायत की पुष्टि होने पर आरोपी शिक्षक के खिलाफ पॉक्सो एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर विशेष पॉक्सो कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
पुलिस के अनुसार, आरोपी शिक्षक ने नाबालिग छात्रा को अपने केबिन में बुलाया था। आरोप है कि इसी दौरान उसके साथ अश्लील हरकत और दुर्व्यवहार किया गया। मामले की जानकारी पुलिस तक पहुंचने के बाद टीम को तत्काल मौके पर भेजा गया। पुलिस ने शिकायत की जांच की और संबंधित तथ्यों की पुष्टि के बाद आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की।
शिकायत मिलते ही पुलिस ने शुरू की जांच
CSP सुमित कुमार ने बताया कि नाबालिग छात्रा से जुड़ी शिकायत को पुलिस ने गंभीरता से लिया। शिकायत मिलते ही पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की। जांच में शिकायत सही पाए जाने के बाद आरोपी शिक्षक के खिलाफ संबंधित धाराओं में केस दर्ज कर उसे गिरफ्तार किया गया।
पुलिस के अनुसार मामले की जांच जारी है। जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
क्या है POCSO एक्ट की धारा 8?
POCSO यानी Protection of Children from Sexual Offences Act, 2012 बच्चों को यौन अपराधों से सुरक्षा देने वाला विशेष कानून है। इसमें 18 साल से कम उम्र के बच्चे को संरक्षण दिया जाता है। पॉक्सो की धारा 8 में बच्चे के साथ sexual assault यानी यौन हमला करने के लिए सजा का प्रावधान है।
इसमें सामान्य तौर पर कम से कम 3 साल और अधिकतम 5 साल तक की सजा और जुर्माने का प्रावधान है। हालांकि मामले के वास्तविक तथ्यों और लागू प्रावधानों के आधार पर न्यायालय सजा तय करता है।
BNS की धारा 74 और 75 क्या कहती है?
भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 75यौन उत्पीड़न से संबंधित है। इसमें किसी महिला के साथ उसकी इच्छा के विरुद्ध अश्लील या यौन प्रकृति का व्यवहार करने जैसी गतिविधियां शामिल हो सकती हैं। अपराध की प्रकृति के आधार पर इसमें सजा का प्रावधान है। वहीं BNS की धारा 74 महिला की गरिमा भंग करने के इरादे से उस पर हमला या आपराधिक बल प्रयोग करने से संबंधित है।