
NH-30 से रोजाना सैकड़ों छोटे-बड़े वाहन गुजरते हैं। सड़क पर कीचड़ होने के कारण भारी वाहनों के पहिए फंस रहे हैं। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में एक ट्रक का पहिया कीचड़ में बुरी तरह धंसा नजर आ रहा है। इससे सड़क पर यातायात भी प्रभावित हो रहा है।
सड़क की हालत खराब होने से छोटे वाहन चालक जोखिम उठाने से बच रहे हैं। कई चालक सुकमा से दंतेवाड़ा होकर आवाजाही कर रहे हैं। इस रास्ते से करीब 80 किलोमीटर अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ रही है। इससे समय के साथ ईंधन का खर्च भी बढ़ रहा है।
बारिश में हर साल बिगड़ते हैं हालात
स्थानीय ग्रामीणों और राजनीतिक दलों ने कई बार सड़क की बदहाली को लेकर प्रशासन और संबंधित विभाग का ध्यान दिलाया है। हालांकि, अब तक इसका स्थायी समाधान नहीं हो सका है। बारिश शुरू होते ही गड्ढों में पानी और कीचड़ भरने से समस्या और गंभीर हो जाती है।
दक्षिण बस्तर की लाइफलाइन है NH-30
NH-30 दक्षिण बस्तर को दक्षिण भारत समेत देश के दूसरे हिस्सों से जोड़ने वाला प्रमुख मार्ग है। सुकमा आने वाले व्यापारियों, पर्यटकों और स्थानीय लोगों के लिए भी यह महत्वपूर्ण सड़क है। ऐसे में सड़क की खराब हालत से लोगों में नाराजगी है।
नक्सलवाद खत्म, अब सड़क सुधार की उम्मीद
दक्षिण बस्तर में माओवाद का प्रभाव कम होने के बाद अंदरूनी इलाकों तक विकास पहुंचने की उम्मीद बढ़ी है। ऐसे में क्षेत्र की लाइफलाइन माने जाने वाले NH-30 की बदहाली पर सवाल उठ रहे हैं। लोगों ने मांग की है कि बारिश के दौरान गड्ढों और कीचड़ वाले हिस्सों की तत्काल मरम्मत कराई जाए और हाईवे का स्थायी सुधार जल्द किया जाए।