
पुलिस अधीक्षक गौरव राय के निर्देश पर महासमुंद और बिलासपुर पुलिस के तालमेल से नेशनल हाईवे-130 पर नाकेबंदी की गई थी। पुलिस को सूचना मिली थी कि सफेद स्विफ्ट कार (UP70 GE 3782) में गांजा ले जाया जा रहा है। इसके आगे चल रही बलेनो कार (UP70 GN 5538) तस्करों की निगरानी कर रही थी।
नाकेबंदी देखकर दोनों कारों के चालकों ने भागने की कोशिश की। पुलिस ने पीछा किया तो दामाखेड़ा के पास तेज रफ्तार स्विफ्ट कार डिवाइडर से टकरा गई। इसके बाद पुलिस ने घेराबंदी कर सभी 7 आरोपियों को पकड़ लिया।
एक आरोपी पत्रकार का सहायक, दूसरा ग्रामीण डॉक्टर
पूछताछ में पता चला कि गिरफ्तार आरोपियों में एक पत्रकार का सहायक और दूसरा ग्रामीण डॉक्टर है। आरोपी अपनी पहचान का इस्तेमाल कर ओडिशा से गांजा लाकर प्रयागराज में बेचने की कोशिश कर रहे थे।
25.41 लाख रुपए का सामान जब्त
पुलिस ने आरोपियों के पास से 30 किलो 430 ग्राम गांजा के 15 पैकेट जब्त किए हैं। इसकी अनुमानित कीमत 15 लाख 21 हजार 500 रुपए है। इसके अलावा 3 लाख 50 हजार रुपए की स्विफ्ट कार, 6 लाख रुपए की बलेनो कार और 70 हजार रुपए के 6 एंड्रॉइड मोबाइल फोन जब्त किए गए हैं। जब्त सामान की कुल कीमत 25 लाख 41 हजार 500 रुपए है।
NDPS एक्ट के तहत केस दर्ज
सभी आरोपियों के खिलाफ सिमगा थाने में अपराध क्रमांक 466/2026 के तहत NDPS एक्ट की धारा 20(b) में केस दर्ज किया गया है। आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर न्यायालय में पेश किया जा रहा है। पुलिस अंतरराज्यीय तस्करी नेटवर्क के मुख्य सप्लायरों और खरीदारों के संबंध में आगे की जांच कर रही है।
गिरफ्तार आरोपियों के नाम
गिरफ्तार आरोपियों में विनीत कुमार भारती, करन कनौजिया, सुनील कुमार भारती, सुखलेन्द्र कुमार नट, राजेंद्र गुप्ता, शिवशंकर बिन्द और अनिल कुमार बिन्द शामिल हैं। सभी उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिले के निवासी हैं।