छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में लगातार हो रही रिमझिम बारिश के बीच नेशनल हाईवे किनारे पानी निकासी की व्यवस्था नहीं करने के कारण 150 घरों में पानी भर गया

Chhattisgarh Crimesछत्तीसगढ़ के बिलासपुर में लगातार हो रही रिमझिम बारिश के बीच नेशनल हाईवे किनारे पानी निकासी की व्यवस्था नहीं करने के कारण 150 घरों में पानी भर गया। इससे भड़के लोगों ने शनिवार को रायगढ़-रायपुर नेशनल हाईवे पर चक्काजाम कर दिया था। जिससे एंबुलेंस समेत बड़े वाहन घंटों फंसे रहे।

अफसरों ने उनकी समस्या दूर करने का भरोसा दिलाया, जिसके बाद चक्काजाम खत्म हो गया। लेकिन, उनकी समस्या तो दूर नहीं हुई। बल्कि, पुलिस ने उल्टा उनके ही खिलाफ आपराधिक प्रकरण दर्ज कर उनकी मुश्किलें और बढ़ा दी है। पूरा मामला सिरगिट्‌टी थाना क्षेत्र के धूमा गांव का है।

लोगों का आरोप है कि राष्ट्रीय राजमार्ग निर्माण के दौरान पानी निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं की गई। धूमा ग्राम पंचायत के लोगों ने बताया कि, पुल और ड्रेनेज निर्माण अधूरा छोड़ दिए जाने के कारण बारिश का पानी गांव में भर रहा है।

इससे 150 से अधिक घर जलमग्न हो गए हैं और लोगों का जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है। उनके चक्काजाम करने के बाद नेशनल हाईवे पर दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई और यातायात करीब चार घंटे तक प्रभावित रहा।

4 घंटे तक अड़े रहे ग्रामीण, मरीजों की जान आफत में डाली

हाईवे जाम होने के कारण सड़क के दोनों ओर गाड़ियों की लंबी कतारें लग गईं। सबसे ज्यादा परेशानी मरीजों को हुई, क्योंकि जाम में एंबुलेंस भी फंस गई थी। पुलिस अधिकारियों ने प्रदर्शन कर रहे लोगों को बार-बार समझाइश दी और रास्ता छोड़ने को कहा, लेकिन ग्रामीण बेहद गुस्से में थे।

वे पुलिसकर्मियों से ही बहस करने लगे। ग्रामीणों ने सुबह 9 बजे से दोपहर 1 बजे तक करीब 4 घंटे तक हाईवे को पूरी तरह बाधित रखा।

बिना सूचना के रास्ता रोकने पर एफआईआर

थाना प्रभारी वाईपी सिंह ने बताया कि, शनिवार सुबह धूमा नेशनल हाईवे पर जल भराव के विरोध में ग्रामीणों ने चक्काजाम कर दिया था। इसकी सूचना मिलते ही वे उप निरीक्षक राज सिंह, पीएसआई घनश्याम ठाकुर, प्रधान आरक्षक राम अवतार सिंह और आरक्षकों की टीम के साथ मौके पर पहुंचे थे, जहां गांव के विवेक पटेल, लक्ष्मण पटेल, जितेन्द्र पटेल, मिनी पटेल, कविता पटेल और अन्य ग्रामीण सड़क के बीचो-बीच खड़े होकर प्रदर्शन कर रहे थे।

सड़क पर ग्रामीणों के प्रदर्शन के कारण हाईवे का आवागमन पूरी तरह ठप हो गया। इस दौरान राहगीरों के साथ-साथ गंभीर मरीजों को ले जा रही एंबुलेंस भी घंटों फंसी रही। मामले में पुलिस ने 5 नामजद समेत अन्य प्रदर्शनकारियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में केस दर्ज किया है।

एक तरफ अफसरों ने समस्या दूर करने दिया आश्वासन फिर FIR दर्ज

चक्काजाम और प्रदर्शन के दौरान पुलिस अफसरों के साथ ही एनएचएआई के अधिकारी और राजस्व अधिकारी भी मौके पर पहुंचे थे। उनकी मौजूदगी में लोगों को समझाइश देकर शांत कराया गया। इस दौरान अफसरों ने गांव में जलजमाव की समस्या दूर करने और नेशनल हाईवे किनारे पानी निकासी की अस्थाई व्यवस्था करने का भरोसा दिलाया।

इसके बाद लोगों ने चक्काजाम खत्म किया। अफसरों के आश्वासन पर अब तक उनकी समस्या का समाधान नहीं हुआ है। लेकिन, पुलिस ने लोगों के खिलाफ केस दर्ज कर उनकी मुश्किलें बढ़ा दी है।