
पुलिस के अनुसार, पीड़िता ने कोण्डागांव थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि आरोपी उसे अपने घर ले गया और उसकी इच्छा के विरुद्ध शारीरिक संबंध बनाए। इसके बाद शादी का झांसा देकर लगातार संबंध बनाता रहा, लेकिन बाद में शादी करने से इनकार कर दिया।
शिकायत के आधार पर थाना कोण्डागांव में अपराध क्रमांक 227/2026 दर्ज कर भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 69 के तहत मामला दर्ज किया गया और जांच शुरू की गई।
विशेष टीम ने घेराबंदी कर दबोचा
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक पंकज चन्द्रा के निर्देश पर थाना प्रभारी निरीक्षक सौरभ उपाध्याय के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। मुखबिर से सूचना मिलने पर पुलिस ने ग्राम काकड़ाबेड़ा में घेराबंदी कर आरोपी को हिरासत में ले लिया।
पूछताछ में कबूला अपराध
पूछताछ के दौरान रूपेन कुमार सोरी ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। इसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
इन पुलिसकर्मियों की रही अहम भूमिका
कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक सौरभ उपाध्याय, उप निरीक्षक अखिलेश धीवर, प्रधान आरक्षक आशो मरकाम, आरक्षक सुखी राजपूत, बेदराम चंदेल और महिला आरक्षक सोना मरकाम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।