
जब किसान ने शिकायत की, तो पता चला कि जिस सर्वे रिपोर्ट में 5 हॉर्स पावर लिखा गया है, उसमें उनके दादा बुधराम तेता के 2023 में हस्ताक्षर दिखाए गए हैं, जबकि उनकी मौत 2015 में हो चुकी है। किसान ने मृत्यु प्रमाण पत्र भी दिखाया, फिर भी विभाग ज़बरदस्ती पैसे मांग रहा है। अब किसान थक-हारकर कलेक्टर ऑफिस पहुंचा है और न्याय की मांग कर रहा है।
80 हजार जुर्माना लिया, पर रसीद नहीं दी बुजुर्ग किसान पंचम सिंह नेताम ने बताया कि उन्हें अस्थाई बिजली कनेक्शन लेना था, लेकिन दस्तावेज़ पूरे नहीं हो पाए थे। धान की फसल खराब न हो जाए, इसलिए उन्होंने मिस्त्री की मदद से कनेक्शन लगवा लिया। दस्तावेज़ पूरा करवाने वो भानुप्रतापपुर गए थे, तभी बिजली विभाग ने उनके खिलाफ चोरी का केस बनाकर कनेक्शन काट दिया।
जब वह बिजली दफ्तर पहुंचे तो 80 हजार रुपए का जुर्माना लगाया गया। उन्होंने बहुत मिन्नतें कीं, लेकिन उन्हें पैसे भरने ही पड़े। पैसे भरने के बाद भी उन्हें रसीद नहीं दी गई।
90 हजार देने के बाद भी नहीं मिला सही कनेक्शन किसान रवि कुमार शोरी ने बताया कि अस्थाई से स्थायी कनेक्शन के लिए बिजली विभाग ने 15-15 हजार रुपए मांगे। गांव के 6 किसानों ने मिलकर 90 हजार रुपए जमा किए। इसके बाद भी समय पर कनेक्शन नहीं दिया गया। प्रदर्शन करने के बाद ही कनेक्शन मिला।
उन्होंने बताया कि स्थायी कनेक्शन में भी लापरवाही है, कभी डीओ उड़ जाता है, तो कभी बिजली चली जाती है। किसान परेशान हैं, लेकिन विभाग कोई ध्यान नहीं दे रहा।