
इसके बाद महिला अपने नाती के साथ सरगुजा कलेक्टोरेट पहुंची और अधिकारियों से कहा, “साहब, मैं जिंदा हूं।” महिला ने इसकी शिकायत सरगुजा कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक (एसपी) से की है। अब मामले की जांच की मांग की जा रही है।
जानकारी के मुताबिक, मेंड्रा खुर्द निवासी बुजुर्ग महिला सुगामती राजवाड़े को मृत बता उसकी छह एकड़ जमीन भतीजे कवल साय ने अपने नाम राजस्व रिकार्ड में चढ़वा ली। सुगामती राजवाड़े की जमीन अपने नाम कराने के लिए रिकार्ड में छेड़छाड़ करते हुए उसे निसंतान बता दिया और भतीजे ने स्वयं को उसका वारिस बता दिया। जीवित महिला का मृत्यु प्रमाण पत्र बनाते हुए जमीन भतीजे कवल साय के नाम पर दर्ज हो गई।
कलेक्टर और एसपी से शिकायत सुगामती राजवाड़े का नाती नेहरू राम राजवाड़े समर्थन मूल्य पर धान बेचने के लिए टोकन कटवाने सरगवां समिति पहुंचा। समिति में पता चला कि सुगामती राजवाड़े की मौत हो चुकी है और उसकी जमीन पर धान बेचने का टोकन नहीं मिल सकता। इसकी जानकारी उसने परिजनों को दी। राजस्व रिकार्ड की जांच कराने पर पता चला कि सुगामती को मृत बताकर जमीनें कवल साय राजवाड़े के नाम दर्ज हो चुकी है।
सुगामती राजवाड़े अपने नाती के साथ कलेक्टोरेट पहुंची और उसने सरगुजा कलेक्टर के साथ एसपी को ज्ञापन सौंपकर बताया कि वह जिंदा है। उसे मृत बताकर जमीन की हेराफेरी की गई है। मामले में अधिकारियों ने जांच और कार्रवाई का आवश्वासन दिया है।
सुगामती राजवाड़े के नाती नेहरू राम ने कहा कि इसमें राजस्व कर्मियों की मिलीभगत है। उसकी नानी को जीते-जी मृत बताकर जमीन की हेराफेरी की गई है। इसमें राजस्व कर्मियों की भी मिलीभगत है। राजस्व कर्मियों पर भी कार्रवाई होनी चाहिए।