
बार-बार नोटिस के बाद भी नहीं सुधरा काम
नगर निगम ने ठेकेदार को 29 सितंबर 2025 को पहला नोटिस जारी किया था। इसके बाद दूसरा और अंतिम नोटिस भी भेजा गया, लेकिन इसके बावजूद कार्य में कोई सुधार नहीं हुआ। निविदा निरस्त, जमानत राशि जब्त
आयुक्त बृजेश सिंह क्षत्रिय ने ठेकेदार की निविदा तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दी। साथ ही अनुबंध की शर्तों के अनुसार उसकी जमा जमानत राशि भी राजसात कर ली गई।
1 साल तक टेंडर में हिस्सा लेने पर रोक
निगम ने संबंधित ठेकेदार को आगामी 1 साल तक सभी निविदाओं में भाग लेने से प्रतिबंधित कर दिया है। यह कार्रवाई अन्य ठेकेदारों के लिए भी कड़ा संदेश मानी जा रही है।
निगम की चेतावनी- समय पर काम नहीं तो होगी कार्रवाई
नगर निगम ने स्पष्ट किया है कि शहर के विकास कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही या देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी ठेकेदारों को समय-सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण कार्य पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं।