
मामला अंडा थाना क्षेत्र का है। घटना 22 नवंबर की है। ओडिशा का युवक संबलपुर से 1 ट्रॉली बैग में गांजा भरकर दुर्ग जंक्शन पहुंचा। यहां दल्लीराजहरा जाने वाली लोकल ट्रेन का इंतजार किया। इसके बाद लोकल ट्रेन से रिसामा रेलवे स्टेशन पर उतरा।
इस दौरान उसे न तो जीआरपी ने पकड़ा और न ही आरपीएफ ने। गांजा बेचने के लिए बाहर निकला तो अंडा थाना की पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
दुर्ग में गांजा बेचने आया था आरोपी
ट्रेनों में अब लगातार नशीली दवाएं और गांजा की तस्करी के मामले में सामने आने लगे हैं। 22 नवंबर की दोपहर 2.10 बजे अंडा थाना को मुखबिर से सूचना मिली कि टांगरपाड़ा, तोरा, बरगढ़ (ओडिशा) निवासी शखील बाग नाम का युवक ट्रॉली बैग में गांजा रखकर दल्लीराजहरा जाने वाली ट्रेन से रिसामा स्टेशन पहुंचेगा और वहां से अंडा क्षेत्र में इसे खपाने की तैयारी में है।
सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने रिसामा रेलवे स्टेशन के बाहर घेराबंदी कर आरोपी को गिरफ्तार किया। शाम करीब 6 बजे पुलिस टीम ने रिसामा रेलवे स्टेशन के यात्री प्रतीक्षालय में आरोपी को पकड़ा। आरोपी के बैग से दो सफेद प्लास्टिक की थैलियों में भरा हुआ कच्चा दानेदार गांजा, एक रियलमी मोबाइल फोन और 1,350 रुपए नकद बरामद हुए।
लगातार दुर्ग-भिलाई में खपा चुका है गांजा
आरोपी शखील बाग ने पुलिस की पूछताछ में बताया कि वो पिछले कई महीनों से अलग-अलग स्थानों से गांजा खरीदकर ट्रेन से रायपुर और दुर्ग-भिलाई लाता और यहां सप्लाई करता रहा है। उसने बताया कि पकड़े गए गांजे की खेप उसने तीन दिन पहले संबलपुर रेलवे स्टेशन के पीछे एक व्यक्ति से 15 हजार रुपए में खरीदी थी।
मौके पर ही तौलकर किया गया जब्त
पुलिस ने मौके पर तौलकर्ता को बुलाकर इलेक्ट्रॉनिक तराजू से गांजे का वजन कराया। पकड़े गए गांजा का वजन 9 किलो 668 ग्राम पाया गया। ट्रॉली बैग का वजन 2.997 किलो तथा खाली प्लास्टिक का वजन 40 ग्राम था।
कुल जब्त सामग्री गांजा, मोबाइल, ट्रॉली बैग और नकदी की कीमत 5,06,350 रुपए आंकी गई। सभी सामग्री को सीलबंद कर मौके पर ही जप्ती पत्रक तैयार किया गया। आरोपी शखील बाग को विधिवत गिरफ्तार कर धारा 20(ख) एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया।