
इस दौरान हमलावरों ने पुलिस की गाड़ी पर भी हमला किया और हाईवे पेट्रोलिंग वाहन के शीशे तोड़ दिए। आरोपियों के परिजनों ने उन्हें छुड़ाने की कोशिश की और पुलिस की कार्रवाई में रुकावट डाली।
पुलिस ने 9 आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है, जबकि 3 अन्य आरोपियों की तलाश जारी है। यह मामला पटेवा थाना क्षेत्र के ग्राम पचरी का है।
अब जानिए पूरा मामला
जानकारी के अनुसार, पटेवा थाना में आबकारी एक्ट के तहत मामला दर्ज था। 11 अप्रैल, 2026 को इस केस में फरार आरोपी विजय मारकंडेय और विनोद मारकंडेय को पकड़ने के लिए पुलिस टीम पचरी गांव पहुंची थी।
पुलिस टीम ने घेराबंदी कर दोनों आरोपियों को पकड़ लिया। जब उन्हें गाड़ी में बैठाने की कोशिश की गई, तो आरोपियों ने विरोध शुरू कर दिया। इसके बाद उन्होंने पुलिसकर्मियों के साथ मारपीट की। इस दौरान आरोपियों ने घरवालों के साथ आसपास के लोगों को भी भड़काया।
लाठी-डंडे और ईंट-पत्थर से हमला
इसके बाद घरवालों के साथ बड़ी संख्या में ग्रामीण लाठी-डंडे, लोहे की रॉड और ईंट-पत्थर लेकर मौके पर आ गए और पुलिस टीम पर हमला कर दिया। इस हमले में थाना प्रभारी उत्तम तिवारी के सिर, गले और सीने में गंभीर चोटें आईं। इसके अलावा कई अन्य पुलिसकर्मी, जिनमें महिला आरक्षक भी शामिल थीं, घायल हो गईं।
पुलिस की गाड़ी को भी बनाया निशाना
इस दौरान हमलावरों ने पुलिस की गाड़ी को भी निशाना बनाया। हाईवे पेट्रोलिंग वाहन के शीशे तोड़ दिए। आरोपियों के परिजनों ने उन्हें छुड़ाने की कोशिश की और पुलिस की कार्रवाई में बाधा डाली।
इसके बावजूद पुलिस टीम ने समझदारी और हिम्मत दिखाते हुए स्थिति को काबू में कर लिया और दोनों मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर थाना पटेवा ले जाया गया।
पुलिस ने इस मामले में मुख्य आरोपी विजय मारकंडेय, विनोद मारकंडेय के साथ-साथ उनके परिजनों और अन्य लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है। इन पर शासकीय काम में बाधा डालने, जानलेवा हमला करने और मारपीट जैसे आरोप लगाए गए हैं।
पुलिस ने अब तक 9 लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। आरोपियों में 6 महिलाएं भी शामिल हैं। जबकि 3 आरोपी अभी फरार हैं, जिनकी तलाश की जा रही है।