
मृतकों की पहचान रामलाल चंद्रवंशी (34) और रीना चंद्रवंशी (29) के रूप में हुई है। करीब 4 साल पहले दोनों अपने-अपने परिवारों को छोड़कर भाग गए थे और साथ रह रहे थे। आशंका जताई जा रही है कि आर्थिक तंगी के कारण कपल ने यह कदम उठाया होगा।
पढ़िए लव स्टोरी और सुसाइड की पूरी कहानी…
दरअसल, रामलाल चंद्रवंशी जंगलपुर गांव का रहने वाला था और मजदूरी करता था। उसके दो बच्चे हैं। वहीं रीना चंद्रवंशी के भी दो बच्चे हैं। रीना का पति रामलाल का दोस्त था, जिसके चलते उसका घर पर आना-जाना लगा रहता था।
इसी दौरान रामलाल और रीना के बीच नजदीकियां बढ़ीं और दोनों एक-दूसरे को पसंद करने लगे। उन्होंने जीवन भर साथ रहने का फैसला किया। करीब चार साल पहले, दोनों अपने परिवार और बच्चों को छोड़कर रायपुर भाग गए।
रायपुर पहुंचे के बाद रामलाल ने ड्राइवरी का काम करने लगा। इस बीच दोनों शादी भी कर ली। करीब एक महीने पहले यानी मार्च को दोनों गांव लौट आए और परिवार से अलग रहने लगे। रविवार को रामलाल के पिता सब्जी के लिए पहुंचे।
दरवाजा बंद मिला, खिड़की से दिखा मंजर
इस दौरान दरवाजा बंद मिला। उन्होंने आवाज लगाई, लेकिन कोई जबाव नहीं मिला। खिड़की से अंदर देखने पर रामलाल और रानी लाश फंदे पर लटकते मिली। इसके बाद पिता ने फौरान मामले की जानकारी पुलिस को दी।
पुलिस ने तोड़कर खोला दरवाजा
जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और दरवाजा तोड़कर अंदर घुसी। पुलिस ने दोनों शवों का पंचनामा किया और पोस्टमॉर्टम के लिए अस्पताल भिजवाया। पीएम के बाद शवों को परिजनों के हवाले कर दिया गया है।
सुसाइड नोट नहीं मिला
हालांकि मौके से कोई भी सुसाइड नोट पुलिस को नहीं मिली है। मामले में थाना प्रभारी कमलाकांत शुक्ला का कहना है कि पिता के सूचना पर पुलिस टीम मौके पर पहुंची थी। अभी तक सुसाइड की वजह साफ नहीं हो पाई है।
परिजनों से पूछताछ की जा रही है, जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। शवों का पीएम कराकर परिजनों को सौंप दिया गया और मामले में मर्ग कायम कर लिया गया है।