
बुधवार को दुर्ग जिले के दोनों डॉक्टरों ने सीएमएचओ कार्यालय पहुंचकर औपचारिक रूप से ज्वाइनिंग दी। जिले में बर्खास्त किए गए डॉक्टरों में डॉ. आलोक शर्मा और डॉ. संजीव दुबे शामिल हैं। दोनों ने मुख्य चिकित्सा-स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) दुर्ग, डॉ. मनोज दानी के समक्ष अपनी ज्वाइनिंग सौंपी।
प्रदेशभर में हुआ था आंदोलन
दरअसल, कुछ माह पहले एनएचएम कर्मियों ने अपनी मांगों को लेकर प्रदेशव्यापी हड़ताल की थी। इस आंदोलन के नेतृत्व में शामिल कर्मियों पर सरकार ने सख्त रुख अपनाते हुए दुर्ग जिले के दो डॉक्टरों सहित प्रदेशभर के 25 एनएचएम कर्मियों को सेवा से बर्खास्त कर दिया था। इसके बाद से बर्खास्त कर्मी और उनके संगठन लगातार बहाली की मांग कर रहे थे।
दिवाली से पहले बहाली का दिया था आश्वासन
कर्मचारियों का कहना था कि सरकार ने जल्द बहाली का आश्वासन दिया था। इस संबंध में कैबिनेट की दो बैठकें भी हुईं, लेकिन इसके बावजूद बहाली का फैसला नहीं हो सका। पहले दावा किया गया था कि दिवाली से पहले बहाली कर दी जाएगी, लेकिन समय बीतने के बावजूद निर्णय नहीं होने से कर्मचारियों में नाराजगी बढ़ती गई।
बहाली में देरी को लेकर एनएचएम कर्मियों ने फिर आंदोलन और लंबी हड़ताल की चेतावनी दी थी, जिससे प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित होने की आशंका थी। बढ़ते असंतोष को देखते हुए आखिरकार सरकार ने कदम उठाया।
इन जिलों में हुई एनएचएम कर्मियों की बहाली
बालोद
- दिनेश चंद्र बर्कवाल
बलौदाबाजार
- डॉ. रविशंकर दीक्षित
- हेमंत कुमार सिन्हा
- कौशलेश तिवारी
बेमेतरा
- पूनन दास
बिलासपुर
- प्रफुल्ल कुमार
- श्याम मोहन दुबे
दंतेवाड़ा
- भूपेंद्र कुमार साहू
- सूरज सिंह
गरियाबंद
- लंबोदर प्रसाद महतो
- अमृत राव भोंसले
जांजगीर
- डॉ. अमित कुमार मिरी
- डॉ. कार्तिक राम बघेल
कांकेर
- दीपक कुमार वर्मा
- देवकुमार सरस्वत
- डॉ. उपासना खरे
कवर्धा
- शशिकांत शर्मा
- भास्कर देवांगन
मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी
- संतोष कुमार चंदेल
नारायणपुर
- प्रदीप देवांगन
रायगढ़
- वैभव डिडोडिया
- शकुंतला एक्का
सुकमा
- डॉ. वेद प्रकाश साहू