बेहद शुभ संयोग में अबकी बार करवा चौथ, मिलेगा शिव-पार्वती का आशीर्वाद

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कार्तिक मास की कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को करवा चौथ का व्रत किया जाता है। इस बार यह शुभ संयोग 4 नवंबर दिन बुधवार को बन रहा है। यह व्रत हिंदू धर्म की महिलाएं अपने पति की दीघार्यु के लिए रखती हैं। इस बार करवा चौथ सभी व्रतियों के लिए शुभ संयोग लेकर आया है। साथ ही जो महिलाएं पहली बार व्रत रख रही हैं, उनके लिए यह संयोग सोने पर सुहागा के समान है। इस बार चंद्रमा माता पार्वती के साथ-साथ भगवान शिव का भी आशीर्वाद दिलवाएगा। इस बार करवा चौथ पर कई शुभ संयोग बन रहे हैं, जो बेहद खास हैं और इस दिन की महत्ता को बढ़ाते हैं। इस शुभ संयोग में करवा चौथ सुहागन महिलाओं के लिए अखंड सौभाग्य देने वाला होगा।

शिव योग और बुधादित्य योग में करवा चौथ

करवा चौथ हर साल संकष्टी चतुर्थी के दिन पड़ता है, यानी सभी संकटों को दूर करने वाली चतुर्थी। इस बार करवा चौथ पर पूरे दिन शिव योग रहेगा। करवा चौथ के दिन इस योग का होना बेहद मंगलदायी माना गया है और जो पहली बार इस व्रत को रख रहे हैं, उनकी शुरूआत शिव योग से हो रही है। शिव योग को मोक्षदायी योग और अत्यंत शुभ फलदायी माना गया है। साथ ही सूर्य के तुला राशि में होने से बुधादित्य योग भी बन रहा है, जो आपको हर क्षेत्र में सफलता दिलाएगा।

शिव परिवार का मिलेगा आशीर्वाद

करवा चौथ के दिन भगवान शिव के पुत्र गणेश की संकष्टी चतुर्थी भी है और शिव योग भी पड़ रहा है। साथ ही उनके दूसरे पुत्र कार्तिकेय का कार्तिक माह चल रहा है और इस पूजन में माता पार्वती की भी पूजा की जाती है। इसका मतलब है कि पूरे शिव परिवार का इस बार करवा चौथ पर आशीर्वाद मिलेगा। जो सभी व्रतियों के लिए बहुत शुभ है।

इस नक्षत्र में हो रहा चतुर्थी का समापन

मृगशिरा नक्षत्र में चतुर्थी का समापन 5 नवंबर को सुबह 05 बजकर 14 मिनट पर हो रहा है, जो बहुत शुभ है। इस नक्षत्र के साथ करवा चौथ का व्रत बहुत ही शुभ फलदायी होगा। साथ ही मृगशिरा नक्षत्र में चंद्रमा का संयोग होने से नवविवाहितों के दांपत्य जीवन में प्रेम और विश्वास को मजबूत बनाने में और घर-परिवार में सुख-शांति के लिए चंद्रमा सहायक होंगे।

इस बार चंद्रमा रहेंगे उच्च राशि में

करवा चौथ पर इस बार चंद्रमा अपनी उच्च राशि वृषभ में होंगे। इस राशि के स्वामी शुक्र हैं और ज्योतिष शास्त्र में इनको प्रेम, सुख-सुविधा और यौन का संबध कारक माना गया है। शुक्र के घर में चंद्रमा के होने से वैवाहिक लोग और प्रेमियों के लिए बहुत शुभ फलदायी रहने वाला है। इस व्रत के करने से आपसी रिश्ता मजबूत होगा और उत्साह में वृद्धि के योग बनेंगे। साथ ही चंद्रमा के साथ माता पार्वती की पूजा करने से घर की सभी समस्याओं का अंत होता है और आर्थिक परेशानियों से मुक्ति मिलती है।

करवा चौथ पर बन रहा सर्वार्थ सिद्धि योग

करवा चौथ पर इस बार सर्वार्थ सिद्धि योग बन रहा है, जो सभी योगों में सबसे महत्वपूर्ण माना जाता है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, इस योग में पूजा करना हमेशा फलदायी माना गया है। यह योग आपकी सभी इच्छाओं और मनोकामनाओं का पूरा करता है। यह योग सभी कार्यों के लिए उत्तम मुहूर्त है। यह अशुभ को भी शुभ में बदल देता है। इस योग में करवा चौथ का व्रत रखने से आपका रिश्ता हमेशा मजबूत रहेगा और आप दोनों को हर क्षेत्र में कामयाबी मिलेगी।

इस समय दर्शन देंगे चंद्रमा

करवा चौथ पर ज्यादातर आपने देखा होगा कि चांद देर में दर्शन देते हैं। इसके लिए निर्जला व्रत रखने वाले व्रतियों को काफी इंतजार करना पड़ता है। चंद्रमा उस दिन व्रतियों का इम्तिहान लेते हैं। पंचाग के अनुसार, इस बार दिल्ली के आसपास की जगहों पर चंद्रमा 08 बजकर 12 मिनट पर दर्शन देंगे। इस समय छलनी से चंद्रमा के दर्शन कर सकती हैं और फिर व्रत खोल सकती हैं।

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