पं. रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय (PRSU) से जुड़े संत गुरु घासीदास शासकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय कुरुद के बीए चौथे सेमेस्टर के छात्रों ने रिजल्ट को लेकर सवाल उठ रहे हैं

Chhattisgarh Crimesपं. रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय (PRSU) से जुड़े संत गुरु घासीदास शासकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय कुरुद के बीए चौथे सेमेस्टर के छात्रों ने रिजल्ट को लेकर सवाल उठ रहे हैं। छात्रों का आरोप है कि उन्होंने जिस विषय की परीक्षा दी ही नहीं, उसी में रिजल्ट जारी कर ATKT दे दी गई।

छात्रों ने एनएसयूआई, पीआरएसयू अध्यक्ष पुनेश्वर लहरे के साथ विश्वविद्यालय प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर रिजल्ट सुधारने की मांग की है। छात्रों के अनुसार डीएसई-मनी एंड बैंकिंग विषय की परीक्षा 6 जुलाई को निर्धारित थी। परीक्षा के दिन केंद्र पर प्रश्नपत्र उपलब्ध नहीं होने के कारण परीक्षा नहीं हो सकी।

इसके बाद जब विश्वविद्यालय ने रिजल्ट जारी किया तो इसी विषय की जगह बीकॉम का विषय दर्शाते हुए ATKT दर्ज कर दी गई। छात्रों का कहना है कि जब परीक्षा हुई ही नहीं तो रिजल्ट में उस विषय के लिए ATKT कैसे दी गई।

यूनिवर्सिटी बोली- सिलेबस में थी गलती

विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार, सिलेबस में त्रुटि के कारण परीक्षा नहीं कराई गई। विश्वविद्यालय का कहना है कि छात्रों को इकोनॉमिक्स हिस्ट्री विषय पढ़ना था, लेकिन उनके एडमिट कार्ड में गलती से डीएसई-मनी एंड बैंकिंग विषय दर्ज हो गया।

छात्रों ने इस पर सवाल उठाया है कि यदि सिलेबस में गलती थी तो विश्वविद्यालय ने उसी विषय का एडमिट कार्ड क्यों जारी किया? परीक्षा नहीं होने के बावजूद रिजल्ट में ATKT दर्ज करने की वजह भी छात्रों ने पूछी है।

अगले सेमेस्टर में प्रवेश का मामला अटका

एनएसयूआई, पीआरएसयू अध्यक्ष पुनेश्वर लहरे ने कहा कि विश्वविद्यालय की गलती का खामियाजा छात्रों को भुगतना पड़ रहा है। उन्होंने बताया कि छात्रों के अगले सेमेस्टर में प्रवेश की निर्धारित अंतिम तारीख भी निकल चुकी है।

उन्होंने मांग की कि रिजल्ट में तत्काल सुधार किया जाए। जिस विषय की परीक्षा नहीं हुई है, उसकी परीक्षा कराई जाए और छात्रों को अगले सेमेस्टर में प्रवेश के लिए पर्याप्त समय दिया जाए। लहरे ने कहा कि छात्रों के भविष्य के साथ किसी भी तरह का अन्याय बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

कुलसचिव ने जल्द कार्रवाई का दिया भरोसा

छात्रों और एनएसयूआई प्रतिनिधियों ने विश्वविद्यालय प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर मामले का जल्द समाधान करने की मांग की। इस पर कुलसचिव ने मामले में आवश्यक कार्रवाई जल्द करने का आश्वासन दिया है।