
दोनों महिलाएं करीब 10 महीने के बच्चे के साथ परिवार के घर पहुंची थीं। उन्होंने परिवार को भरोसा दिलाया कि आभूषण और बर्तन दोपहर 2 बजे तक वापस कर देंगी। साथ ही करीब 24 हजार रुपए नकद देने की बात कही थी। हालांकि, शाम तक दोनों महिलाएं वापस नहीं आईं।
इसके बाद परिवार को ठगी का पता चला। पीड़ित परिवार की शिकायत पर बालोद थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर दोनों महिलाओं की तलाश शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार आदर्शपारा निवासी पूर्णिमा पटेल (40) ने शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि वह अपनी मां धनई बाई, बुआ सास लल्ली बाई, ननद रेणुका पटेल, देवकी पटेल और बच्चों के साथ घर के आंगन में बैठी थीं।
इसी दौरान दोनों महिलाएं बच्चे के साथ वहां पहुंचीं। उन्होंने खुद को सोने-चांदी की डिजाइन बनाने वाला बताया। महिलाओं ने आभूषण स्कैनिंग के लिए ले जाने और कुछ घंटे में वापस करने की बात कही।
इन महिलाओं से लिए आभूषण और बर्तन
महिलाओं ने पूर्णिमा पटेल से सोने की खिनवा, चांदी की पायल और कांसे का लोटा-थाली लिया। धनई बाई से सोने की खिनवा, रेणुका पटेल से सोने की मणियां और चांदी की पायल ली।
वहीं, देवकी पटेल से सोने की अंगूठी और लॉकेट लिया। इसके बदले महिलाओं ने करीब 24 हजार रुपए नकद देने का भरोसा दिलाया। कांसे के बर्तनों की जगह नया कुकर देने की बात भी कही।
नाम-पता और मोबाइल नंबर भी नहीं बताया
सामान लेने के बाद दोनों महिलाएं वहां से चली गईं। तय समय तक वापस नहीं आने पर परिजनों ने उनकी तलाश की, लेकिन दोनों का कोई पता नहीं चला।
महिलाओं ने अपना नाम, पता और मोबाइल नंबर भी नहीं बताया था। इसके बाद परिवार ने पुलिस में शिकायत की। पुलिस ने मामला दर्ज कर दोनों महिलाओं की तलाश शुरू कर दी है।