बिजली कंपनी में अभी एआई का उपयोग शुरू हो गया है

Chhattisgarh Crimesबिजली कंपनी में अभी एआई का उपयोग शुरू हो गया है। राजधानी में पहली बार जीआईएस तकनीक से नयापारा में नया बिजली सब स्टेशन बनाया जाएगा। इसकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि ये दूसरे सब स्टेशनों के मुकाबले में केवल 30 फीसदी जगह पर बेहद कम दिनों में ही बन जाएगा।

छत्तीसगढ़ राज्य पॉवर वितरण कंपनी नयापारा में अपनी खाली जमीन पर जीआईएस तकनीक से 33 व 11 केवी का सब स्टेशन बना रहा है। इसके लिए टेंडर समेत बाकी की प्रक्रिया पूरी हो गई है। जल्द ही इसका काम भी शुरू हो जाएगा। पॉवर कंपनी की कंपनियों में ट्रांसमिशन कंपनी के हिस्से में 132/33 और इससे ज्यादा क्षमता के सब स्टेशन बनाने का काम आता है। 33 और 11 केवी के सब स्टेशन बनाने का काम पॉवर वितरण कंपनी ही करती है। अब तक वितरण कंपनी ने प्रदेशभर में जो भी 33 और 11 केवी के सब बनाए हैं वो सामान्य तकनीक से ही बनाए गए हैं। अब पहली बार जीआईएस तकनीक का उपयोग किया जा रहा है।

क्या है जीआईएस तकनीक जीआईएस तकनीक गैस इंसुलेटेड रहती है। इसमें सल्फर हेक्साफ्लोराइड से इंसुलेटेड कर ऊर्जा को नियंत्रित और फिर सप्लाई की जाती है। इसमें जिस गैस का इस्तेमाल किया जाता है, वह 40 साल तक खराब नहीं होती। इसका बड़ा फायदा यह होता है कि इसमें जमीन की जरूरत बेहद कम होती है। पॉवर कंपनी के अफसरों के अनुसार जीआईएस पूरी तरह इंडोर होता है। सिस्टम में बड़ी पाइपलाइन होती हैं, जिसमें गैस भरी जाती है। इसमें सब स्टेशन के उपकरण इंस्टॉल किए जाते हैं। ऑटोमेटिक सिस्टम से लैस होने की वजह से इसे आसानी से कंप्यूटर या लैपटॉप से संचालित किया जा सकता है। इसके मेंटेनेंस के लिए ज्यादा कर्मचारियों की भी जरूरत नहीं होती है।