बालोद पुलिस ने 31.80 लाख रुपए की धोखाधड़ी के मामले में फरार सीईओ नंदकिशोर साहू (35) को ग्रेटर नोएडा से गिरफ्तार किया

Chhattisgarh Crimesबालोद पुलिस ने 31.80 लाख रुपए की धोखाधड़ी के मामले में फरार सीईओ नंदकिशोर साहू (35) को ग्रेटर नोएडा से गिरफ्तार किया है। यह ठगी इलेक्ट्रिक स्कूटी और इलेक्ट्रॉनिक सामान की डीलरशिप के नाम पर हुई थी।

कंपनी ने डीलरशिप पर 100 प्रतिशत कैशबैक का लालच देकर कारोबारी से पैसे जमा कराए थे। इस मामले में एमडी लोकेश द्विवेदी और सीएमडी पुरुषोत्तम साहू पहले ही गिरफ्तार हो चुके हैं।

गुरुर के भानपुरी के मनीष कुमार साहू (27) ने 5 मई को सनौद थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उसने बताया कि सीईओ, एमडी और सीएमडी ने इलेक्ट्रिक स्कूटी, स्कूल वैन, लोडर वाहन और इलेक्ट्रॉनिक सामान की डीलरशिप का भरोसा दिया था।

मनीष ने 30 मई 2024 से अलग-अलग किस्तों में कंपनी के खातों में 31.80 लाख रुपए जमा कराए। कंपनी ने उसे डीलरशिप का प्रमाणपत्र भी दिया था। शनिवार को सीईओ को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया।

11 वाहन दिए, गुणवत्ता सही नहीं होने पर वापस ले लिए

डीलरशिप शुरू करने के लिए मनीष ने ग्राम सनौद में किराए पर दुकान ली थी। शुरुआत में कंपनी ने उसे 11 इलेक्ट्रिक वाहन दिए, लेकिन उनकी गुणवत्ता सही नहीं होने के कारण कंपनी ने सभी वाहन वापस ले लिए। इसके बाद कंपनी ने नए वाहन देने का भरोसा दिया, लेकिन अपना वादा पूरा नहीं किया।

मनीष ने जब पैसे वापस मांगे तो 6 सितंबर 2024 को कंपनी ने केवल 1.45 लाख रुपए लौटाए। बाकी रकम के लिए दिए गए तीन चेक बैंक में लगाने पर बाउंस हो गए। इसके बाद कारोबारी ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।

एमडी और सीएमडी पहले ही गिरफ्तार

इस मामले में पुलिस ने 19 सितंबर को कंपनी के एमडी लोकेश द्विवेदी, निवासी कटघोरा (कोरबा) और सीएमडी पुरुषोत्तम साहू, निवासी सारंगढ़ को गिरफ्तार किया था। वहीं, कंपनी का सीईओ नंदकिशोर साहू लगातार ठिकाने बदलकर फरार चल रहा था।

पुलिस ने उसे ग्रेटर नोएडा से पकड़ लिया। पूछताछ में पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। शनिवार को उसे कोर्ट में पेश किया गया, जहां से जेल भेज दिया गया।