
बताया जा रहा है कि प्रदर्शनकारियों द्वारा 50 लाख मुआवजा व नौकरी की मांग कर रहे हैं। मांग पूरी होने तक आंदोलन करते रहने की बात कही गई है। हांलाकि पुलिस व कंपनी के अधिकारी समझाइश देने में लगे हुए हैं।
आंदोलनकारी मानने को तैयार नहीं
24 नवंबर को घटना के बाद मामले की सूचना उसके मृतक लक्ष्मण साहू (40 साल) के परिजनों को दी गई थी। ऐसे में उसके परिजन रायगढ़ पहुंचे और 25 नवंबर की सुबह 9 बजे से एमएसपी कंपनी गेट के सामने आंदोलन शुरू कर दिया।
कंपनी के खिलाफ व अपनी मांगो को लेकर जमकर नारे लगाने लगे। ऐसे में कंपनी के गेट को बंद रखा गया था। वहीं जब इसकी जानकारी चक्रधर नगर पुलिस को लगी, तो वे मौके पर पहुंचकर आंदोलनकारियों को समझाइश देने लगे, लेकिन वे मानने को तैयार नहीं थे।
ऐसे हुई थी घटना
जांजगीर-चांपा जिला का रहने वाला लक्ष्मण साहू (40 साल) पिछले कुछ समय से अन्य मजदूरों के साथ आकर जामगांव स्थित एमएसपी प्लांट में काम कर रहा था।
24 नवंबर की सुबह तकरीबन 11 बजे लक्ष्मण साहू अन्य मजदूरों के साथ प्लांट के अंदर काम कर रहा था। तभी काम करते समय एकाएक कन्वेटर बेल्ट की चपेट में उसका हाथ फंस गया और काफी खून बहने लगा।
इसके बाद किसी तरह उसे इलाज के लिए अस्पताल ले जाया जा रहा था कि रास्ते में उसकी मौत हो गई थी।
ग्रामीणों को समझाने में लगी पुलिस
इस संबंध में चक्रधर नगर थाना प्रभारी जीएल साहू ने बताया कि सुबह से मृतक के परिजन कंपनी के गेट के सामने विरोध कर रहे हैं। उनके द्वारा 50 लाख मुआवजा व नौकरी की मांग की जा रही है। उन्हें समझाइश दी जा रही है। जल्द ही आंदोलन समाप्त हो जाएगा।