मीटर रीडिंग के लिए ठेकेदारों से करार खत्म करेगी बिजली कंपनी, 10वीं-12वीं पास युवाओं से कमीशन पर कराएगी काम

Chhattisgarh Crimes

रायपुर। छत्तीसगढ़ में 10वीं-12वीं पास बेरोजगारों के लिए पार्ट टाइम काम का नया अवसर बन रहा है। छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत वितरण कंपनी ‘नवीन मीटर वाचक’ योजना लागू की है। इसके तहत कंपनी मीटर रीडिंग के लिए पहले से चल रहे बड़े ठेकों को खत्म करेगी। उनकी जगह पर स्थानीय युवाओं से सीधे करार होगा। उन्हें एक निश्चित क्षेत्र में निम्न दाब और घरेलू उपभोक्ताओं के मीटर रीडिंग की जिम्मेदारी दी जाएगी।

अधिकारियों ने बताया, शैक्षणिक योग्यता हायर सेकंडरी निर्धारित है। कम्प्यूटर में डिप्लोमा, डिग्री अथवा ITI पास युवाओं को प्राथमिकता मिलेगी। ठेका पद्धति में वितरण कंपनी के लिए काम कर चुके मीटर रीडर को भी प्राथमिकता मिलेगी। ग्रामीण क्षेत्रों में 12वीं पास उपलब्ध नहीं रहने पर 10वीं पास को भी मौका दिया जाएगा। शर्त यह है कि उसने कौशल विकास योजना के तहत मीटर रीडर का प्रशिक्षण लिया हो।

8 मेगा पिक्सल वाला एंड्रॉयड स्मार्ट फोन अनिवार्य

मीटर रीडर के काम के लिए युवा के पास कम से कम 3 जीबी रैम और 8 मेगापिक्सल कैमरा वाला एंड्राइड स्मार्ट फोन, इंटरनेट और ब्लूटूथ थर्मल प्रिंटर का होना भी अनिवार्य है। इंटरनेट और बैटरी का खर्च मीटर रीडर को वहन करना होगा। प्रिंटर के लिए विशेष कागज कंपनी उपलब्ध कराएगी। विद्युत वितरण कंपनी का फोटोस्पॉट बिलिंग साफ्टवेयर डाउनलोड करना होगा। स्पॉट पर ही बिल प्रिंट कर उपभोक्ता को उपलब्ध कराएगा।

शहरी क्षेत्र में 5 रुपए, ग्रामीण क्षेत्र में 6 रुपए कमीशन

इस एवज में शहरी क्षेत्रों यानी नगर निगम और नगर पालिका में उसे प्रति उपभोक्ता 5 रुपए का कमीशन मिलेगा। नगर पंचायतों और ग्राम पंचायतों में प्रति उपभोक्ता 6 रुपए का कमीशन तय है। वहीं नक्सल प्रभावित जिलों के ग्रामीण क्षेत्रों में मीटर रीडर को 7 रुपए प्रति उपभोक्ता मिलना तय हुआ है। कंपनी मीटर रीडर के साथ एक साल का अनुबंध करेगी। उसके बाद इसे एक साल आगे भी बढ़ाया जा सकता है।

एक के पास होगा 1500 उपभोक्ताओं की जिम्मेदारी

विद्युत वितरण कंपनी की योजना के मुताबिक मीटर रीडर का वर्कलोड भी तय कर दिया गया है। शहरी क्षेत्रों में मीटर रीडर को महीने में 1500 उपभोक्ताओं की मीटर रीडिंग और बिलिंग का काम करना होगा। ग्रामीण क्षेत्रों में 1200 और नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में इसकी अधिकतम सीमा 1000 उपभोक्ता की होगी। मीटर रीडर को शहरी क्षेत्रों में प्रतिदिन 100 से 120, ग्रामीण क्षेत्रों में 80 से 90 और नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में 70 से 80 उपभोक्ता मीटर की रीडिंग करनी होगी।

ऐसे करना होगा आवेदन

कंपनी की अधिसूचना के मुताबिक मीटर रीडर के चयन और काम वितरित करने के लिए संबंधित क्षेत्र के कार्यपालन अभियंता (संचारण और संधारण) को जिम्मेदारी दी गई है। वे इसके लिए सूचना प्रकाशित कराएंगे। उसके 10 दिन भीतर कार्यपालन अभियंता के कार्यालय में आवेदन करना होगा। इसका प्रारूप कंपनी की वेबसाइट पर उपलब्ध करा दिया गया है। मीटर वाचक का चयन लॉटरी पद्धति से होगा। चयन के बाद प्रशिक्षण होगा। मीटर रीडर को फोटोयुक्त पहचानपत्र दिया जाएगा।

गलती पर जुर्माने का भी प्रावधान

अनुबंध की शर्तों में गलती पर जुर्माने का भी प्रावधान है। निर्धारित समय में बिलिंग पूरा नहीं करने पर 100 रुपया प्रतिदिन का जुर्माना लगेगा। गलत रीडिंग अथवा बिलिंग पर 5 रुपए प्रति उपभोक्ता का जुर्माना। एक ही उपभोक्ता को लगातार दूसरी बार गलत बिल अथवा रीडिंग दी गई तो 25 रुपए का जुर्माना होगा। जानबूझकर अंडर रीडिंग अथवा ओवररीडिंग करने पर 400 रुपए प्रति उपभोक्ता का जुर्माना होगा। ऐसी गलतियां बार-बार होने पर 15 दिन का नोटिस देकर करार खत्म कर लिया जाएगा।