
कर्रेगुट्टा ऑपरेशन के बीच यह दूसरा पर्चा सामने आया है। इससे पहले सब जोनल रूपेश ने भी शांति वार्ता की अपील की थी। इस बार कहा गया है कि सरकार समयाविधि बताए और युद्ध विराम कर शांति वार्ता करे। कहा जा रहा है कि कर्रेगुट्टा मुठभेड़ की वजह से नक्सल संगठन में बेचैनी है। इसलिए वे जल्द से जल्द वार्ता करना चाहते हैं।तेलंगाना में सीएम रेड्डी वार्ता के लिए आगे आए
छत्तीसगढ़ में जहां लगातार जारी होते पर्चों के बावजूद सरकार वार्ता को लेकर कुछ भी स्पष्ट नहीं कर रही है तो वहीं दूसरी ओर पड़ोसी राज्य तेलंगाना में इसे लेकर सियासी हलचल तेज हो चुकी है। तेलंगाना के पूर्व सीएम केसीआर ने सबसे पहले वार्ता पर बात की। इसके बाद अब मौजूदा सीएम रेवंत रेड्डी ने भी वार्ता के लिए अपने वरिष्ठ सहयोगियों से चर्चा की।
हम हमेशा वार्ता को तैयार
छत्तीसगढ़ गृहमंत्री विजय शर्मा ने कहा की हमारी सरकार नक्सलियों से वार्ता के लिए हमेशा तैयार है। इसके लिए कई माध्यमों से अपील की गई है। बशर्ते इसमें किसी भी तरह की शर्त न हो। जारी किए गए पर्चे के सत्यता की जांच करने के बाद विचार किया जाएगा।