आदिवासी समाज ने सदियों से सभ्यता और संस्कृति को संजोकर रखा है : संजय नेताम

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गरियाबंद। विश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर राजापड़ाव गौरगांव क्षेत्र के सर्व आदिवासी समाज,कर्मचारी प्रकोष्ठ एंव युवा प्रकोष्ठ द्वारा विश्व आदिवासी दिवस बड़े ही धुमधाम के साथ मनाया गया। इस कार्यक्रम में शामिल होने के लिए लगभग 65 ग्राम पाराटोला के दस हजार से ज्यादा आदिवासी समाज के लोग पहूँचे।

मुख्यालय मैनपुर से लगभग 35 किलोमीटर दुर दुरस्थ वनांचल ग्राम गरीबा में यह कार्यक्रम का आयोजन किया गया था, जंहा सुबह आदिवासी समुदाय के लोगों ने अपने सांस्कृतिक पारंपरिक रीति के अनुसार शोभायात्रा निकालकर और अपने आराध्य देवता एवं महापुरुषों की छायाचित्र पर पुष्पमाला अर्पित कर विश्व आदिवासी दिवस मनाया।इसके पूर्व ग्राम भूतबेड़ा में भगवान बिरसा मुंडा की प्रतिमा पर पूजा व माल्यार्पण पश्चात समाज के युवाओं द्वारा विशाल मोटर सायकल रैली निकाली गई यह मोटर सायकल रैली कचना धुर्वा से होते हुए ग्राम गरीबा पहूँची जंहा विशाल जनमानस की उपस्थिति में कलश यात्रा के साथ विश्व आदिवासी दिवस के कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ और पारंपरिक वेशभूषा व वाद्य यंत्रों से सुसज्जित आदिवासी समाज के पारंपरिक नृत्यों ने सबका ध्यान आकर्षण किया।

मांदर की विहंग निनाद के साथ लयबद्ध होकर समाज के नर्तक दलों ने पारंपरिक लोकगीतों पर नृत्य कर जनमानस को मंत्रमुग्ध कर दिया।इस दौरान उपस्थित विशाल जनमानस को देखकर मुख्य अतिथि जिला पंचायत उपाध्यक्ष संजय नेताम गदगद हुए,और सभा को संबोधित करते हुए कहा कि आदिवासी समाज ने बढ़ते आधुनिकीकरण और औद्योगिकीकरण के बाद भी अपनी सदियों पुरानी संस्कृति और परंपरा को जीवित रखा है।प्रकृति के समीप रहकर सद्भावना, शांति, मर्यादा, परंपरा, संस्कृति और सामाजिक सौहार्द को बनाये रखना ही आदिवासियों का मूल उद्देश्य रहा है। जिस प्रकार आज समाज की एकता प्रदर्शित हो रही है ऐसे समाज में हमारी एकजुटता बनी रहनी चाहिए। शिक्षा, स्वास्थ्य,कुरीतियों व रीति-रिवाज में सुधार कर हमें इसमें बदलाव लाना होगा।

कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे सर्व आदिवासी समाज राजापड़ाव क्षेत्र के अध्यक्ष दलसु राम मरकाम ने शराबबंदी पर जोर देते कहा कि नशा की नाश का मूल है जिसके कारण समाज की आर्थिक,सामाजिक और राजनीतिक स्थिति कमजोर होती जा रही है यदि हमें अपने लक्ष्य की ओर आगे बढ़ना है तो निश्चित तौर पर नशे की गिरफ्त से दूर रहना होगा। विशेष अतिथि सरपंच संघ के अध्यक्ष एवं राज गोंड़ आदिवासी समाज मैनपुर राज के अध्यक्ष बलदेव राज ठाकुर ने कहा कि आज ग्राम गरीबा में समाज के लोगों की विशाल उपस्थिति और एकता ने इतिहास बना दिया।

यहां के लोगों ने आज यह बता दिया कि समाज में एकता होगी तो बड़े से बड़ा काम को हम फलीभूत कर सकते हैं, हमें समाज के उत्थान के लिए ऐसे ही एकता की आवश्यकता है। इस दौरान सभी अतिथियों को पारंपरिक रूप से पीले चावल व पीले वस्त्राभूषण से अलंकृत किया गया। कार्यक्रम के दौरान आदिवासी समाज के प्रतिभावान छात्रों का सम्मान, विशाल जनसभा के दौरान आदिवासी समाज के प्रतिभावान छात्र-छात्राओं को नगद राशि 2000, 1000 हजार क्रमशः देकर लगभग 30 छात्र छात्राओं का सम्मान किया गया वही समाज के बुजूर्गो का भी सम्मान किया गया। पश्चात आदिवासी समाज द्वारा सभी लोग रेला पाटा किया जिसमें समाज के लोगो ने सामूहिक रूप से नृत्य किया, मोटर सायकल रैली लगभग 30 किलोमीटर लंबी रही जिसमें सैकडों समाज के युवा शामिल हुए।