केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह और सीएम भूपेश बघेल ने किया एनआईए दफ्तर का उद्घाटन

Chhattisgarh Crimes

रायपुर। छत्तीसगढ़ में नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (एनआईए) का अब अपना दफ्तर होगा। केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह और सीएम भूपेश बघेल ने इस दफ्तर का उद्घाटन किया। नवा रायपुर में सेक्टर-24 में यह दफ्तर बनाया गया है। एनआईए दफ्तर के उद्घाटन समारोह में छत्तीसगढ़ के गृहमंत्री ताम्रध्वज साहू, एनआईए के डीजी दिनकर गुप्ता के साथ-साथ छत्तीसगढ़ के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद हैं।

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बता दें कि झीरम कांड के बाद एनआईए दफ्तर की शुरुआत हुई। मौलश्री विहार में एक किराये के भवन में यह दफ्तर शुरू किया गया था। इसके बाद सेक्टर-24 में यह दफ्तर शुरू किया गया है। यहां पर एनआईए के एसपी रैंक के अफसर बैठेंगे। छत्तीसगढ़ में फिलहाल बहुचर्चित झीरम घाटी कांड के अलावा भाजपा विधायक भीमा मंडावी की नक्सल हत्या की जांच भी एनआईए कर रही है।

अमित शाह बोले- NIA ने 94 फीसदी अपराध सुलझाने में सफलता पाई है

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा, यह भव्य भवन एनआईए की बढ़ती साख और दबदबे का प्रतीक है। एनआईए की स्थापना का समय लंबा नहीं है। किसी भी एजेंसी को उभरने, साख बनाने और परिणाम लाने में लंबा समय जाता है। एनआईए ने अल्प समय में ही काम में बेंचमार्क स्थापित किया है। यह देश के लिए गौरव की बात है। दोष सिद्धि के मामले में एजेंसी ने गोल्ड मानक स्थापित किये हैं। यह 94% है। ऐसे मामलों में जहां षड्यंत्र देश के बाहर होते हैं और घटना यहां होती है। उसके बाद भी षड्यंत्र का पूरा जाला खोलकर निकालना और नष्ट करने में इस एजेंसी ने विशेषज्ञता हासिल कर ली है। इसको पिछले तीन साल में एक फेडरल क्राइम इन्वेस्टिगेशन एजेंसी बनाने का भरसक प्रयास किया है।

विगत वर्षों में 10 राज्यों में एनआईए ने अपने काम का विस्तार किया है। तीन साल में 18 राज्यों में अपनी पहुंच को मजबूत कर लिया है। वहां ब्रांचेज खोले गए हैं। देश में नए चुनाव आने से पहले देश के सभी राज्यों में एनआईए की ब्रांच होगी। उन्होंने कहा 370 हटने के बाद कश्मीर में शांति दिखाई देती है। आतंकी गतिविधियां कम हुई हैं। वहां हमारा वर्चस्व दिखाई देता है। उसकी वजह है टेरर फंडिंग पर कार्रवाई। वामपंथी उग्रवाद का मूल नष्ट करने का काम मोदी सरकार ने किया है। 2021 में केवल 509 घटनाएं हुईं। अब सिर्फ 86 जिलों में माओवादी घटनाएं रिपोर्ट हो रही है। पहले यह जिले 120 थे।