
आरोपी सीता के कुल 6 बच्चे थे, जिनमें से चार की पहले ही मौत हो चुकी थी। उसका एक बच्चा वर्तमान में कुपोषण से पीड़ित है। बच्चों की लगातार मौत से परेशान होकर सीता को यह भ्रम हो गया था कि चंद्रकली उसके बच्चों पर जादू-टोना कर रही है। इसी अंधविश्वास के कारण उसने यह वारदात की।
घटना की सूचना सरपंच और परिजनों ने पुलिस को दी। कुसमी थाना पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने आरोपी सीता को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।
इस घटना के बाद गांव में दहशत का माहौल है। ग्रामीणों ने अंधविश्वास के कारण हुई इस वारदात को दुखद और चिंताजनक बताया है।