
यह बजट ऐसे समय आ रहा है जब प्रदेश में गुड गवर्नेंस, इंफ्रास्ट्रक्चर विस्तार और औद्योगिक विकास को लेकर सरकार की प्राथमिकताएं साफ दिखाई दे रही हैं। गरीब कल्याण से लेकर युवा शक्ति, किसानों, महिलाओं और बच्चों तक हर वर्ग को इस बजट से उम्मीदें हैं।
आज सदन में क्या होगा ?
24 फरवरी 2026 को विधानसभा की कार्यवाही सुबह 11:00 बजे शुरू होगी।
शोक उल्लेख
कार्यवाही की शुरुआत दीनदयाल सिंह पोर्ते, अविभाजित मध्यप्रदेश विधानसभा के पूर्व सदस्य के निधन के उल्लेख से होगी।
प्रश्नकाल
इसके बाद प्रश्नोत्तर काल होगा। वितरित सूची में शामिल प्रश्न पूछे जाएंगे और संबंधित मंत्रियों की ओर से उनके उत्तर दिए जाएंगे।
वित्त मंत्री बजट पेश करेंगे
वित्तीय वर्ष 2026-27 का बजट वित्त मंत्री ओपी चौधरी पेश करेंगे
गुड गवर्नेंस और टेक्नोलॉजी पर फोकस
इस बार का बजट प्रशासनिक सुधार, डिजिटल गवर्नेंस और टेक्नोलॉजी के इस्तेमाल को बढ़ावा देने पर केंद्रित रहने की संभावना है। सरकारी योजनाओं की मॉनिटरिंग, ऑनलाइन सेवाओं के विस्तार और पारदर्शिता बढ़ाने के लिए विशेष प्रावधान किए जा सकते हैं। सरकार इंफ्रास्ट्रक्चर में तेजी लाने और इंडस्ट्रियल ग्रोथ को नई रफ्तार देने के संकेत पहले ही दे चुकी है।
युवा, किसान और महिला वर्ग पर बड़ा दांव
युवाओं के लिए रोजगार और स्टार्टअप को बढ़ावा देने के लिए नई नीतियों का ऐलान हो सकता है। MSME और स्टार्टअप्स के लिए निवेश प्रोत्साहन योजनाएं लाई जा सकती हैं। जिला स्तर पर उद्योगों और फूड प्रोसेसिंग यूनिट्स को बढ़ावा देने के लिए विशेष पैकेज की उम्मीद है।
किसानों के लिए समर्थन मूल्य, सिंचाई और कृषि अधोसंरचना से जुड़ी योजनाओं में अतिरिक्त राशि का प्रावधान किया जा सकता है। महिलाओं और बच्चों के लिए पोषण, शिक्षा और स्वास्थ्य योजनाओं को मजबूत करने की दिशा में भी बजट में बड़ी घोषणाएं संभव हैं।
राजधानी और ग्रामीण विकास की बड़ी योजना
मुख्यमंत्री राजधानी विकास योजना के तहत राजधानी को मेट्रो सिटी की तर्ज पर विकसित करने की तैयारी है। जल और ऊर्जा क्षेत्र में सुधार के साथ छत्तीसगढ़ में जल बोर्ड गठन की दिशा में भी कदम बढ़ाए जा सकते हैं।
ग्रामीण अधोसंरचना में ‘जी राम जी योजना’ के तहत ग्राम पंचायतों के विकास के लिए बड़े बजट का ऐलान होने की संभावना है। सड़क, नाली, सामुदायिक भवन और अन्य मूलभूत सुविधाओं के लिए राशि बढ़ाई जा सकती है।
खेल और सांस्कृतिक अधोसंरचना
छोटे और मंझोले शहरों में खेल मैदान विकसित करने और यातायात व्यवस्था सुधारने के लिए रिंग रोड निर्माण का प्रावधान किया जा सकता है।
शहीद वीर नारायण सिंह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में शहीद वीर नारायण सिंह की प्रतिमा स्थापित करने के लिए लगभग 1 करोड़ 86 लाख रुपए का प्रावधान प्रस्तावित है। इसके अलावा सारंगढ़ के इंडोर स्टेडियम के नवीनीकरण के लिए भी बजट में राशि रखी जा सकती है।
शिक्षा और स्वास्थ्य पर जोर
जिलों में नालंदा लाइब्रेरी स्थापित करने के लिए फंड जारी किए जाने की संभावना है, जिससे प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले युवाओं को फायदा होगा। केंद्र की पीएम सूर्यघर योजना के साथ-साथ आयुष्मान योजना के लिए लगभग दो हजार करोड़ रुपए का प्रावधान किया जा सकता है।
इससे स्वास्थ्य सुरक्षा और सोलर ऊर्जा विस्तार को बढ़ावा मिलेगा। कुल मिलाकर यह बजट इंफ्रास्ट्रक्चर, टेक्नोलॉजी, इंडस्ट्रियल ग्रोथ और सामाजिक सुरक्षा के बीच संतुलन साधने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है।