
वह रिश्तेदारों के यहां चिनिया गांव आई हुई थी। शनिवार सुबह करीब 6 बजे पिंकी महुआ चुनने जंगल गई थी, उसी दौरान 22 हाथियों के झुंड ने उस पर हमला कर दिया। हमले में उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
प्रत्यक्षदर्शी ने बचाई जान
घटना के समय पास में मौजूद महावीरगंज का एक व्यक्ति किसी तरह भागकर अपनी जान बचाने में सफल रहा। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार हाथियों का दल पिछले तीन दिनों से क्षेत्र में घूम रहा था। इससे ग्रामीणों में पहले से ही डर का माहौल बना हुआ था।
सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचे लोग
घटना की सूचना मिलते ही ग्राम पंचायत प्रतिनिधि ब्रह्मदेव सिंह, सुदामा यादव सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंचे। वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची। स्थिति का जायजा लिया गया। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए रामानुजगंज अस्पताल भेजा गया।
ग्रामीणों में दहशत, सुरक्षा की मांग
घटना के बाद पूरे क्षेत्र में दहशत फैल गई है। ग्रामीणों ने प्रशासन से जंगल क्षेत्रों में हाथियों की बढ़ती गतिविधियों को देखते हुए ठोस सुरक्षा इंतजाम करने की मांग की है, ताकि भविष्य में ऐसे हादसे रोके जा सकें।