दुर्ग जिले के उतई थाना क्षेत्र में 5 साल की बच्ची के साथ रेप हुआ था। जिसके विरोध में कांग्रेस के प्रदर्शन के दौरान पुतला दहन करते समय कुछ पुलिसकर्मी झुलस गए थे। अब पुलिस ने दुर्ग ग्रामीण कांग्रेस जिलाध्यक्ष राकेश ठाकुर समेत 9 नेताओं को गिरफ्तार किया है। हालांकि कुछ ही देर बाद सभी को मुचलके पर रिहा कर दिया गया।
दरअसल, मिनी माता चौक उतई में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने गृहमंत्री विजय शर्मा का पुतला दहन करने का कार्यक्रम रखा था। पुतला जलाने के दौरान हालात उस समय बिगड़ गए जब सिविल ड्रेस में मौजूद पुलिस आरक्षक गिरधर मंडावी पुतला छीनने की कोशिश कर रहे थे। इसी दौरान उनका हाथ आग से झुलस गया। उन्हें तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया।
घटना के बाद पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धाराओं 191(2) और 221 के तहत केस दर्ज किया। इसके बाद रविवार को पुलिस ने जांच के नाम पर राकेश ठाकुर समेत 9 कांग्रेस नेताओं को उतई थाने बुलाया। पूछताछ के बाद सभी को गिरफ्तार कर लिया गया।
इन नेताओं की हुई गिरफ्तारी
गिरफ्तार किए गए नेताओं में जिला अध्यक्ष राकेश ठाकुर, पूर्व पार्षद प्रहलाद वर्मा, नेता प्रतिपक्ष द्वारिका साहू, पूर्व नगर पंचायत अध्यक्ष डिकेंद्र हिरवानी, गुलशन शर्मा, जिला सचिव लोचन यादव, मंडल अध्यक्ष धर्मेंद्र बंजारे, सत्यप्रकाश कौशिक और दिवाकर गायकवाड़ शामिल हैं। पुलिस ने कुछ समय बाद सभी नेताओं को मुचलके पर छोड़ दिया।
सरकार के दवाब में दे रहे राजनीति रंग- राकेश
राकेश ठाकुर ने कहा कि, यह पूरा आंदोलन बच्ची से दुष्कर्म और इलाके में बढ़ रही अवैध शराब बिक्री के खिलाफ था। उन्होंने आरोप लगाया कि दुष्कर्म का आरोपी भी अवैध शराब के कारोबार से जुड़ा हुआ है और इसको लेकर पहले भी कई शिकायतें की गई थीं, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई।
उन्होंने यह भी कहा कि, पुतला दहन कार्यक्रम की जानकारी पहले से पुलिस को दी गई थी और मौके पर पुलिस बल भी तैनात था। इसके बावजूद पुलिस ने पुतला छीनने की कोशिश की, जिससे यह घटना हुई। ठाकुर ने आरोप लगाया कि इस मामले को सरकार के दबाव में राजनीतिक रंग दिया जा रहा है।
बीजेपी के प्रदर्शन में पुलिस नहीं दिखाती सख्ती
राकेश ठाकुर ने सवाल उठाया कि जब भाजपा कार्यकर्ता विरोध प्रदर्शन करते हैं, तब पुलिस कोई सख्ती नहीं दिखाती, लेकिन इस बार गृहमंत्री का पुतला जलाने से रोकने के लिए इतनी सक्रियता क्यों दिखाई गई। उन्होंने यह भी कहा कि पुलिस पर दबाव बनाकर केस दर्ज कराया गया है।
ठाकुर ने एक और मुद्दा उठाते हुए कहा कि, हाल ही में सोशल मीडिया पर पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को लेकर आपत्तिजनक पोस्ट डाली गई थी, जिस पर बाद में केस दर्ज हुआ। उनका आरोप है कि उस मामले को दबाने के लिए यह कार्रवाई की जा रही है।