धर्मांतरण पर गरमाई सियासत; मुख्यमंत्री भूपेश बघेल बोले-सबसे ज्यादा चर्च भाजपा काल में ही बने

Chhattisgarh Crimes

रायपुर। छत्तीसगढ़ की आदिवासी पट्‌टी में धर्मांतरण को लेकर उठे विवादों के बाद राजनीतिक माहौल भी गरमाने लगा है। भाजपा ने कांग्रेस सरकार पर धर्मांतरण को प्रश्रय देने का आरोप लगाया है। अब मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने भाजपा पर ही तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा, भाजपा की सरकार में ही प्रदेश में सर्वाधिक चर्च बने हैं। उन्होंने कहा, संविधान ने सबको धार्मिक आजादी दी है। यहां कोई जबरन धर्मांतरण का एक भी मामला बता दे, कार्रवाई होगी।

मुख्यमंत्री ने कहा, यहां उल्टा चोर कोतवाल को डांटे वाली स्थिति है। भाजपा सत्ता में वापसी के लिए धर्मांतरण का सहारा ले रही है। जबकि सबसे ज्यादा चर्च भाजपा के शासनकाल में ही बने हैं। हम सब अलग-अलग धर्मों के मानने वाले लोग हैं। जहां जिस समुदाय की आबादी अधिक होती है उससे जुड़े आस्था के केंद्र बनाए जाते हैं। हिंदुओं की बस्ती है तो मंदिर बन जाएगा है। वहां सतनामी अधिक हैं तो जैतखाम बनता है। सिखों की बस्ती तो गुरुद्वारा और मुसलमानों की बस्ती में मस्जिद बनेगा। इसी तरह जहां इसाई ज्यादा हैं वहां चर्च बनता है। पहले वह समुदाय जाता है उसके बाद ही पूजागृह बनते हैं। बस्तर में जितने भी चर्च बने हैं, उसके आंकड़े देख लीजिए, सर्वाधिक चर्च रमन सिंह के शासनकाल में बने हैं। ये लोग किस मुंह से बात करते हैं धर्मांतरण की। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा, वे पहले भी कह चुके हैं, संविधान में व्यवस्था है कि व्यक्ति कोई भी धर्म मान सकता है। लेकिन यदि जबरिया किया गया, तो एक भी केस छत्तीसगढ़ में बता दें, उसके खिलाफ कार्रवाई होगी। भाजपा कल से बस्तर में चिंतन शिविर कर रही है। इसमें भी धर्मांतरण को बड़ा मुद्दा बनाया गया है।

भाजपा ने बस्तर के सभी जिलों में धर्मांतरण के मुद्दे पर ध्रुवीकरण की काेशिश में है। 20 दिन पहले सभी जिलों में जनजागरण यात्रा निकाली गई। भगवान राम की झांकी सजे रथ को शहर के प्रमुख मार्गों से भ्रमण कराया गया। राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग के पूर्व अध्यक्ष और दिग्गज भाजपा नेता नंद कुमार साय भी इस यात्रा में शामिल थे। उन्होंने कहा, यह चिंताजनक विषय है, लेकिन सरकार कोई कदम नहीं उठा रही है।