विश्कर्मा मूर्ति विसर्जन के दौरान हादसा; बिजली विभाग का इंजीनियर नहर में बहा, दूसरे जिले में मिला शव

Chhattisgarh Crimes

कोरबा। बिजली विभाग का इंजीनियर नहर में बह गया। विश्कर्मा की मूर्ति विसर्जन के दौरान बीती रात यह हादसा हुआ। गोताखोरों की तलाश में इंजीनियर की लाश आज पड़ोसी जिले में मिल गई है। घटना उरगा थाना क्षेत्र की है।

उरगा थाना क्षेत्र के ग्राम बरपाली में विद्युत वितरण केंद्र में विश्कर्मा की मूर्ति स्थापित कर पूजा अर्चना की गई थी। उसके बाद मूर्ति के विसर्जन के लिए बिजली विभाग की गाड़ी में सवार होकर बरपाली से बहने वाली नहर में गए हुए थे। अभी खेती के लिए पानी देने सिंचाई विभाग के द्वारा नहर में पानी छोड़ा गया है। जिसके चलते तेज रफ्तार से पानी नहर में बह रहा है। विसर्जन में बिजली विभाग के जूनियर इंजीनियर हनेंद्र सिंह कंवर भी शामिल थे। नहर में विसर्जन के दौरान उतरने पर वे पानी के तेज बहाव मे बह गए। साथ गए लोगो ने शोर मचाने के अलावा उरगा थाने में इसकी सूचना दी। जिस पर थाना प्रभारी सनत सोनवानी एसडीआरएफ व नगर सेना को साथ लेकर पहुँचे और सर्चिंग शुरू की।

रात भर चले सर्चिंग अभियान के बाद आज सुबह घटना स्थल से लगभग 45 किलोमीटर दूर सक्ति के नगरदा में हनेंद्र सिंह कंवर का शव मिला। वे मूलतः उरगा थाना क्षेत्र के बरपाली दादर कला के रहने वाले हैं। उनके परिवार में पत्नी के अलावा 17 साल की बेटी व 13 साल का बेटा हैं। हादसे की सूचना से उनके परिवार में दुःखों का पहाड़ टूट पड़ा है।