छत्तीसगढ़ के सूरजपुर में मां-बेटी हत्याकांड मामले में फास्ट ट्रैक कोर्ट आज आरोपियों को सजा सुनाएगी। कोर्ट ने 29 सितंबर को मामले में 4 आरोपियों को हत्या, रेप और पॉक्सो एक्ट के तहत दोषी माना था। पीड़ित पक्ष के वकील संजय अंबस्ट ने कहा कि मामला रेयरेस्ट ऑफ रेयर कैटेगरी का है। कोर्ट से आरोपियों को अधिकतम सजा देने की मांग की जाएगी।
बता दें कि 14 अक्टूबर 2024 को हेड कॉन्स्टेबल की पत्नी और बेटी की आरोपियों ने बेरहमी से हत्या कर दी थी। वारदात से पहले पत्नी से रेप किया गया। इसके बाद चाकू से उसकी हत्या कर दी गई। आरोपियों ने बेटी के कपड़े उतारकर धारदार हथियार से उसकी भी हत्या कर दी। दोनों के शव नग्न हालत में घर से करीब 5 किलोमीटर दूर फेंक दिए गए थे।
डबल मर्डर केस की सुनवाई न्यायाधीश आनंद प्रकाश वारियाल की फास्ट ट्रैक कोर्ट में चल रही थी। 29 सितंबर को दोषी करार दिए जाने के बाद कोर्ट से बाहर निकलते समय मुख्य आरोपी कुलदीप साहू हंसता हुआ नजर आया। उसने स्माइली साइन बनाकर पत्रकारों को वीडियो बनाने के लिए कहा था।
ऐसे शुरू हुआ विवाद, हत्याकांड की बना वजह
दरअसल, 9 अक्टूबर 2024 की रात शहनाज अख्तर का जगराता कार्यक्रम था। इस दौरान हत्याकांड के मुख्य आरोपी कुलदीप साहू के भाई संदीप साहू का नवापारा के कुछ युवकों से विवाद हो गया था। 2 दिन बाद पुलिस संदीप साहू को भाजपा नेताओं के दबाव में उठाकर ले गई। आरोप है कि थाने में उसके साथ बेदम मारपीट की गई।
बताया गया कि संदीप साहू के खिलाफ कोई आपराधिक रिकॉर्ड नहीं था। इस घटना को लेकर कुलदीप साहू नाराज था। उसने अपने भाई के साथ मारपीट करने वालों को निशाना बनाया। इनमें वह पुलिसकर्मी भी शामिल था, जिसकी पत्नी और बेटी की हत्या की गई। पुलिसकर्मी से कुलदीप का पुराना विवाद भी था।